
एचआईवी को लेकर जागरूक हों महिलाएं, भ्रांतियों से बचें
उत्तराखंड में 50 से अधिक महिलाओं ने लिया प्रशिक्षण, संक्रमण से बचाव, जांच और उपचार की दी गई जानकारी
देहरादून। एचआईवी संक्रमण को लेकर जागरूकता बढ़ाने और समाज में फैली भ्रांतियों को दूर करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने समुदाय स्तर पर सक्रिय महिलाओं को प्रशिक्षित किया। उत्तराखंड राज्य एड्स नियंत्रण सोसाइटी की ओर से रानीपोखरी स्थित सामुदायिक प्रबंधित प्रशिक्षण केंद्र (सीएमटीसी) में आयोजित एक दिवसीय ओरिएंटेशन मीटिंग में प्रदेश के विभिन्न जिलों से पहुंचीं सीबीओ और एनजीओ से जुड़ी 50 से अधिक महिलाओं ने प्रतिभाग किया। प्रशिक्षण में महिलाओं को एचआईवी संक्रमण के कारणों, बचाव के उपायों, जांच, उपचार और एचआईवी संक्रमित व्यक्तियों के अधिकारों की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम का आयोजन उत्तराखंड राज्य एड्स नियंत्रण सोसाइटी की सहयोगी संस्था अभिव्यक्ति सोसाइटी ने किया। विभागीय प्रशिक्षक चंद्रकांता ने प्रतिभागियों को एचआईवी/एड्स से जुड़ी वैज्ञानिक एवं सही जानकारी देते हुए कहा कि संक्रमण की स्थिति का पता लगाने के लिए समय पर जांच बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य विभाग के एकीकृत परामर्श एवं जांच केंद्र (आईसीटीसी) और माता से बच्चे में एचआईवी संक्रमण की रोकथाम से जुड़े पीपीटीसीटी केंद्रों पर एचआईवी जांच और परामर्श की सुविधा निशुल्क उपलब्ध है।
भ्रांतियां दूर करना भी जरूरी
प्रशिक्षण में एचआईवी को लेकर समाज में मौजूद भ्रांतियों और गलत धारणाओं को दूर करने पर विशेष जोर दिया गया। प्रतिभागियों को बताया गया कि एचआईवी संक्रमित व्यक्तियों के साथ भेदभाव के बजाय सम्मानजनक व्यवहार किया जाना चाहिए। साथ ही समुदाय में जागरूकता फैलाने और लोगों को जांच व उपचार की उपलब्ध सरकारी सुविधाओं तक पहुंचाने में सीबीओ और एनजीओ की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया गया।
चंद्रकांता ने कहा कि एचआईवी से संबंधित किसी भी तरह की जानकारी, परामर्श और मार्गदर्शन के लिए हेल्पलाइन नंबर 1097 पर संपर्क किया जा सकता है। उन्होंने बताया कि प्रदेश के सभी जिलों में जिला क्षय रोग अधिकारी (डीटीओ) कार्यालयों और स्वास्थ्य विभाग के संबंधित तंत्र से भी आवश्यक जानकारी एवं मार्गदर्शन प्राप्त किया जा सकता है।
सवालों के दिए जवाब
ओरिएंटेशन के दौरान प्रतिभागी महिलाओं ने एचआईवी संक्रमण, जांच, बचाव और उपचार से जुड़े सवाल भी पूछे। प्रशिक्षक ने सवालों का जवाब देते हुए उनकी शंकाओं का समाधान किया। कार्यक्रम का उद्देश्य समुदाय के बीच काम कर रहे संगठनों के प्रतिनिधियों को प्रशिक्षित कर उन्हें एचआईवी/एड्स के खिलाफ जनजागरूकता अभियान को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाने में सक्षम बनाना रहा।इस अवसर पर सीएमटीसी के ब्लॉक मिशन प्रबंधक सूरज चमोली, हरीश लखेड़ा, पीआरपी गीता शर्मा, क्लस्टर अध्यक्ष संगीता, प्रशिक्षक चंद्रकांता और अभिव्यक्ति सोसाइटी की दामिनी ममगाईं समेत अन्य लोग मौजूद रहे।



