कांवड़ मेला-2026: कांगड़ा घाट पर SDRF की सतर्कता से टलीं सात बड़ी दुर्घटनाएं

कांवड़ मेला-2026: कांगड़ा घाट पर SDRF की सतर्कता से टलीं सात बड़ी दुर्घटनाएं, गंगा में डूब रहे 07 श्रद्धालुओं का सकुशल रेस्क्यू
हरिद्वार में आयोजित कांवड़ मेला-2026 के दौरान आज 02 अगस्त 2026 को कांगड़ा घाट पर अलग-अलग समय पर हुई सात घटनाओं में गंगा नदी के तेज बहाव में फंसे श्रद्धालुओं को SDRF उत्तराखण्ड की टीम ने अपनी त्वरित कार्रवाई, सतर्कता एवं पेशेवर रेस्क्यू कौशल का परिचय देते हुए सकुशल रेस्क्यू कर सुरक्षित बाहर निकाला।
रेस्क्यू किए गए श्रद्धालुओं का विवरण निम्नवत है—
1. कार्तिक पुत्र महेंद्रपाल (22 वर्ष), निवासी ग्राम प्रेमपुर, जनपद बरेली (उत्तर प्रदेश)।
2. राहुल पुत्र अश्विनी कुमार (29 वर्ष), निवासी सेक्टर-52, चंडीगढ़।
3. विनोद पुत्र तेजप्रताप (27 वर्ष), निवासी बल्लभगढ़, जनपद फरीदाबाद (हरियाणा)।
4. विराज कश्यप पुत्र सुशील कश्यप (16 वर्ष), निवासी जनपद मुजफ्फरनगर (उत्तर प्रदेश)।
5. सतीश कुमार पुत्र मोहन सिंह (36 वर्ष), निवासी सी-172, माता वाली गली नं. 12, जौहरीपुर, दिल्ली।
6. करण पुत्र सुरेश (16 वर्ष), निवासी ग्राम किचाना, हरियाणा।
7. विशाल पुत्र जय भगवान (19 वर्ष), निवासी ग्राम राझाना, हरियाणा।
सभी श्रद्धालु गंगा में स्नान के दौरान तेज बहाव एवं गहरे पानी की चपेट में आ गए थे। घाट पर ड्यूटी पर तैनात SDRF जवानों ने बिना विलंब नदी में उतरकर त्वरित रेस्क्यू अभियान चलाया तथा सभी को सुरक्षित बाहर निकालकर आवश्यक प्राथमिक सहायता उपलब्ध कराई। SDRF की तत्परता एवं कुशल रेस्क्यू के चलते सातों श्रद्धालुओं की जान सुरक्षित बचाई जा सकी।
सेनानायक SDRF अर्पण यदुवंशी ने रेस्क्यू अभियान में शामिल टीम की सतर्कता, साहस एवं उत्कृष्ट कार्य की सराहना करते हुए उन्हें बधाई दी। उन्होंने कांवड़ यात्रियों एवं श्रद्धालुओं से अपील की कि गंगा में स्नान करते समय सुरक्षा नियमों का पालन करें, गहरे पानी एवं तेज बहाव वाले क्षेत्रों से दूर रहें तथा किसी भी आपात स्थिति में तत्काल SDRF अथवा उत्तराखण्ड पुलिस से सहायता प्राप्त करें।



